Friday, August 5, 2016

कश्मीरी पंडितों की सुरक्षा प्राथमिकता !



पत्रांक-966-969                                                                     दिनांक-27/o07/2016

सेवा में,
श्री राजनाथ सिंह जी,
माननीय गृह मंत्री,
भारत सरकार,
नॉर्थ ब्लॉक, नई दिल्ली-110001
विषय :- कश्मीरी पंडितों की सुरक्षा प्राथमिकता !
संदर्भ :- दैनिक जागरण, गुरुग्राम, दिनांक-11 जुलाई, 2016
महोदय,
     आपकी सेवा में दैनिक जागरण में छपे समाचार की छाया प्रति भेजी जा रही है ! सामान्य जनता यह समझ रही है कि जब से केंद्र में भाजपा सरकार बनी है तब से कश्मीर में अराजकता बढ़ी है अर्थात् अराजक तत्त्व इसलिए अधिक सक्रिय हो गए हैं, क्योंकि वे जानते हैं कि भाजपा सरकार कमजोर सरकार होती है और उसमें कठोर कार्रवाई करने का साहस नहीं होता ! इसी आधार पर कश्मीर के पत्थरबाजों और अलगाववादियों ने भारी उपद्रव मचा रखा है ! साथ-साथ पाकिस्तान सरकार भी पूरी मुस्तैदी से जेहादियों को हिन्दुस्थान में घुसा रही है और गोलीबारी में तेजी लाई है !
चूँकि मामला केंद्र सरकार की कमजोरी से है और सरकार का दबदबा नहीं रह गया प्रतीत होता है, इसलिए आपके स्तर पर सुधार आवश्यक है ! साथ-साथ कश्मीर में हिन्दू पंडितों के पुनर्वास, पूर्व सैनिकों के कश्मीर में भूमि, धन और शस्त्र देकर बसाने, आतंकवादियों और पत्थरबाजों के दुस्साहस को पस्त करने सहित अति दृढ 3 वर्षीय, 5 वर्षीय,           10 वर्षीय और 20 वर्षीय नीति और योजना बना देने की कृपा करें ! इस संबंध में की गई कार्रवाई की जानकारी भिजवाने का कष्ट करें ! सादर,
                                                                 भवदीय,

                                                       (डॉ. महेश चन्द्र गुप्त)
                                                         मुख्य परामर्शदाता
      प्रतिलिपि :-
1.         माननीय श्री मोहन राव जी भागवत, पूज्य सर संघचालक, राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ, हेडगेवार भवन, महाल, नागपुर - 440032
2.         डॉक्टर प्रवीण भाई तोगड़िया जी, कार्याध्यक्ष, विश्व हिन्दू परिषद्, संकटमोचन आश्रम, सेक्टर-6, रामकृष्णपुरम्, नई दिल्ली-110022
3.         श्री दिनेश चन्द्र त्यागी जी, महामंत्री, सांस्कृतिक गौरव संस्थान, संकटमोचन आश्रम, सेक्टर-6, रामकृष्णपुरम्, नई दिल्ली-110022

Saturday, July 23, 2016

तीन तलाक से मुक्ति का समय !



                                                          Email : sgsgurgaon15@gmail.com

पत्रांक-919-922                                          दिनांक-15/o07/2016

सेवा में,
श्रीमती मेनका गाँधी जी,
माननीया महिला एवं बाल विकास मंत्री,
भारत सरकार,
शास्त्री भवन, नई दिल्ली-110001

विषय :- तीन तलाक से मुक्ति का समय !    
संदर्भ :- दैनिक जागरण, गुरुग्राम, दिनांक-07/05/2016 
महोदया,
      
     आपकी सेवा में दैनिक जागरण में छपे लेख की छाया प्रति भेजी जा रही है ! वाशिंगटन स्थित मिडिल ईस्ट मीडिया रिसर्च इंस्टिट्यूट के निदेशक श्री तुफैल अहमद ने तार्किक ढंग से मुस्लिम महिलाओं पर तीन तलाक बोलकर उनके परित्याग की जो तलवार लटकी हुई है, सिद्ध किया है कि यह अमानवीय और अन्यायपूर्ण है ! यह मुस्लिम परिवारों के हित में भी नहीं है ! इसके कारण उनके परिवार उजड़ जाते हैं और बच्चे अनाथ हो जाते हैं, इसलिए इस प्रथा को तत्काल निरस्त करना आवश्यक है !
कमाल की बात है कि हिंदुस्थान देश में मुसलमान प्रथम दर्जे के नागरिक हैं, असंख्य सुविधाओं और आर्थिक प्रलोभनों के पिटारे उनके लिए खुले हुए है, जेहादी मुसलमान देश के बड़े भू-भाग में हिन्दू लडकियों को बहला-फुसला कर, उनका मूर्ख बनाकर उनके शारीरिक शोषण में जुटे होने की असंख्य घटनाएँ निरंतर समाचार पत्रों में प्रकाशित होती हैं ! कुछ लोग हिन्दुओं को मूर्ख कह सकते हैं, क्योंकि वे अपनी लडकियों को सुरक्षित नहीं रख सकते ! विचारणीय है कि ऐसी स्थिति में हिंदुस्थान की दुर्बल, इच्छाशक्ति रहित सरकार इतना भी नहीं कर सकती कि कम-से-कम लगभग 10 करोड़ मुस्लिम माताओं,

बहनों, बेटियों को इस अमानवीय संत्रास से मुक्त कर सके ! विश्वास है कि आप                                                               
   इस पर शीघ्र कार्रवाई कराने में सफल होंगी ! सादर,





                                                              भवदीय,

                                                   (डॉ. महेश चन्द्र गुप्त)
                                                     मुख्य परामर्शदाता
                                                                   


    प्रतिलिपि :-

1.       डॉक्टर प्रवीण भाई तोगड़िया जी, कार्याध्यक्ष, विश्व हिन्दू परिषद्, संकटमोचन आश्रम,
सेक्टर-6, रामकृष्णपुरम्, नई दिल्ली-110022
2.       श्री दिनेश चन्द्र त्यागी जी, महामंत्री, सांस्कृतिक गौरव संस्थान, संकटमोचन आश्रम,
सेक्टर-6, रामकृष्णपुरम्, नई दिल्ली-110022
3.       श्री चन्द्र प्रकाश कौशिक जी, अध्यक्ष हिन्दू महासभा,हिन्दू महासभा भवन, मंदिर मार्ग,
नई दिल्ली-110001

जिहादी जुनून की जड़ !



                                                          Email : sgsgurgaon15@gmail.com

पत्रांक-928-931                                          दिनांक-15/o07/2016

सेवा में,
श्री राजनाथ सिंह जी,
माननीय गृह मंत्री,
भारत सरकार,
नॉर्थ ब्लॉक, नई दिल्ली-110001

विषय :- जिहादी जुनून की जड़ !     
संदर्भ :- दैनिक जागरण, गुरुग्राम, दिनांक-11/07/2016
महोदय,
          आपकी सेवा में दैनिक जागरण में छपे लेख की छाया प्रति भेजी जा रही है ! विद्वान् लेखक श्री एस. शंकर ने बड़ी तर्कयुक्त शैली में यह सिद्ध किया है कि आतंकवादियों का कोई धर्म भले ही न हो परन्तु मजहब अवश्य होता है और वह है इस्लामी जिहाद ! वस्तुतः यह ध्यान देना आवश्यक है कि इस्लाम कोई धर्म नहीं है, बल्कि मजहब है ! यह बात दुनिया के सभी मुसलमान कहेंगे ! हिन्दुस्थान में हम इतने अनाड़ी हैं कि धर्म और मजहब के अंतर को नहीं समझते ! धर्म का अर्थ है ब्रह्मांड का शाश्वत कानून (इटर्नल लॉ ऑफ़ यूनिवर्स) !
कांग्रेसियों कि तर्ज पर भाजपा के नेतागण भी यही राग अलापने लगे हैं कि आतंकियों का कोई धर्म नहीं होता ! रोचक बात यह है कि आतंकवादी जेहादी बार-बार अपने कारनामों का कारण मजहबी आदेश बता रहे है ! श्री शंकर ने अपने लेख में यह ठीक लिखा है कि इस तथ्य से नजर चुराना आतंकवाद को बढ़ावा देना ही है ! कृपया यह सुनिश्चित कर लेने का कष्ट करें कि –
    क्या हिन्दुस्थान की सरकार की आतंकवाद को, विशेषतः कश्मीर घाटी में फैले और बढ़ रहे जेहादी आतंकवाद को और जवाहर लाल नेहरु विश्वविद्यालय में जड़ जमा रहे आतंकवाद को मिटाने की कोई 5 वर्षीय, 10 वर्षीय, 20 वर्षीय, 50 वर्षीय   नीति है या नहीं अथवा अंधेरे में तीर चलाए जा रहे हैं, क्या जहां उपद्रव है वहां मरहम लगाओ, उससे आँख चुराने की कोशिश करो, यही 70 वर्षीय परिपाटी चलती रहेगी ! इस संबंध में  की गई कार्रवाई की जानकारी भिजवाने का कष्ट करें ! सादर,        


                                                              भवदीय,

                                                   (डॉ. महेश चन्द्र गुप्त)
                                                     मुख्य परामर्शदाता
                                                                   
    प्रतिलिपि :-

1.       माननीय श्री मोहन राव जी भागवत, पूज्य सर संघचालक, राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ,
 हेडगेवार भवन, महाल, नागपुर
2.       श्री चन्द्र प्रकाश कौशिक जी, अध्यक्ष हिन्दू महासभा,हिन्दू महासभा भवन, मंदिर मार्ग,
नई दिल्ली-110001
3.       श्री दिनेश चन्द्र त्यागी जी, महामंत्री, सांस्कृतिक गौरव संस्थान, संकटमोचन आश्रम,
 सेक्टर-6, रामकृष्णपुरम्, नई दिल्ली-110022